फ्लू या इन्फ्लूएंजा क्या है ? लक्षण क्या है ?और उपचार
इन्फ्लूएंजा को ही हम फ्लू के नाम से भी जानते हैं।इनफ्लुएंजा (श्लैष्मिक ज्वर) एक विशेष समूह के वायरस के कारण मानव समुदाय में होनेवाला एक संक्रामक रोग है। इसमें ज्वर और अति दुर्बलता विशेष लक्षण हैं। फुफ्फुसों के उपद्रव की इसमें बहुत संभावना रहती है। यह रोग प्राय: महामारी के रूप में फैलता है। बीच-बीच में जहाँ-तहाँ रोग होता रहता है।
फ्लू तीन प्रकार का होता है, ए, बी और सी। टाइप ए और बी वार्षिक इन्फ्लूएंजा का कारण होते हैं जिससे लगभग 20 फीसदी लोग प्रभावित होते हैं। टाइप ए में एच1एन1, एच2एन2 और एच3एन3 शामिल हैं। टाइप ए के इंफ्लूएंजा में परिवर्तन होता है जिससे प्रभावित व्यक्ति को पर्याप्त इम्यूनिटी नहीं मिल पाती। टाइप सी भी फ्लू के लक्षण दर्शाता है लेकिन इस तरह का फ्लू कम होता है। हालांकि तीनों तरह का फ्लू एक ही तरह से फैलता है और इनके लक्षण भी एक जैसे ही होते हैं।
रोग का उद्भवकाल एक से दो दिन तक होता है। रोग के लक्षणों में कोई विशेषता नहीं पाई जाती। केवल ज्वर और अतिदुर्बलता ही इस रोग के लक्षण हैं। इनका कारण वायरस में उत्पन्न हुए जैवविष (टॉक्सिन) जान पड़ते हैं। भिन्न-भिन्न महामारियों में इनकी तीव्रता विभिन्न पाई गई है। ज्वर और दुर्बलता के अतिरिक्त सिरदर्द, शरीर में पीड़ा (विशेषकर पिंडलियों और पीठ में), सूखी खाँसी, गला बैठ जाना, छींक आना, आँख और नाक से पानी बहना और गले में क्षोभ मालूम होना, आदि लक्षण भी होते हैं। ज्वर 101 से 103 डिग्री तक निरंतर दो या तीन दिन से लेकर छह दिन तक बना रह सकता है। नाड़ी ताप की तुलना में द्रुत गतिवाली होती है। परीक्षा करने पर नेत्र लाल और मुख तमतमाया हुआ तथा चर्म उष्ण प्रतीत होता है। नाक और गले के भीतर की कला लाल शोथयुक्त दिखाई देती है। प्राय: वक्ष या फुफ्फुस में कुछ नही मिलता। रोग के तीव्र होने पर ज्वर 105रू से 106रू तक पहुँच सकता है।
इस रोग का साधारण उपद्रव ब्रोंको न्यूमोनिया है जिसका प्रारंभ होते ही ज्वर 104रू तक पहुँच जाता हैं। श्वास का वेग बढ़ जाता है, यह 50-60 प्रति मिनट तक हो सकता है। नाड़ी 110 से 120 प्रति मिनट हो जाती है, किंतु श्वासकष्ट नहीं होता। सपूय श्वासनलिकार्ति (प्युरुलेंट ब्रॉनकाइटिस) भी उत्पन्न हो सकती है। खाँसी कष्टदायक होती है। श्लेष्मा झागदार, श्वेत अथवा हरा और पूययुक्त तथा दुर्गंधयुक्त हो सकता है। रक्तमिश्रित होने से वह भूरा या लाल रंग का हो सकता है। फुफ्फुस की परीक्षा, करने पर विशेष लक्षण नहीं मिलते। किंतु छाती ठोंकने पर विशेष ध्वनि, जिसे अंग्रेजी में राल कहते हैं, मिल सकती है।
इस रोग का आंत्रिक रूप भी पाया जाता है जिसमें रक्तयुक्त अतिसार, वमन, जी मिचलना और ज्वर होते हैं।
रोग के अन्य उपद्रव भी हो सकते हैं। स्वस्थ बालकों और युवाओं में रोगमुक्ति की बहुत कुछ संभावना होती है। रोगी थोड़े ही समय में पूर्ण स्वास्थ्यलाभ कर लेता है। अस्वस्थ, अन्य रोगों से पीड़ित, दुर्बल तथा वृद्ध व्यक्तियों में इतना पूर्ण और शीघ्र स्वास्थ्यलाभ नहीं होता। उनमें फुफ्फुस संबंधी अन्य रोग उत्पन्न हो सकते हैं।
फ्लू होने पर शरीर को हाइड्रेट रखने की आवश्यकता होती है इसलिए फ्लू होने पर आपको अधिक से अधिक पानी का सेवन करना चाहिए।
फ्लू या इन्फ्लूएंजा के लक्षण
असामान्य थकान का होना
कफ
चक्कर आना
छींक आना
ठंड के साथ बुखार होना
त्वचा का नीला पड़ना
नाक का बहना
मांसपेशियों में दर्द
सांस का फूलना
साँस लेने में कठिनाई होना
सिर दर्द होना आदि।
इन्फ्लूएंजा का उपचार
-
ऐसे में आप गर्म पानी करें और उसमें नींबू निचोड़ लें फिर उस पानी का सेवन करें।
-
इसमें ठंडा और बासी खाने से दुरी बना कर रखें।
-
लोगों से हाथ न मिलाएं।
-
शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढाने वाले खाद्य पदार्थो का सेवन करें।
-
हाथ को अच्छे से धोकर सुखा लें।
-
व्यायाम को नियमित रूप से करें।
-
पानी का सेवन उबाल कर करें।
-
पानी में अजवाइन डालकर उबाल लें और जब तक पानी आधा न रह जाए इसे उबलने दें। पानी का सेवन समय-समय पर करते रहें।
-
अपने शरीर को जितना हो सके आराम दें।
-
अपनी हड्डियों की सकाई गर्म पानी की बोतल के द्वारा करें।
-
अधिक से अधिक तरल पदार्थ का सेवन करें।
-
इनफ्लूएँजा वायरस की वैक्सीन का इंजेक्शन लें।
-
गले को पोटैसियम परमैंगनेट के 1 : 4000 के घोल से प्रात: सायं दोनों समय गरारा करके स्वच्छ करते रहना चाहिए ।
डिसक्लेमर : स्वस्थ रहो मस्त रहो में जानकारी देने का हर तरह से वास्तविकता का संभावित प्रयास किया गया है। यहाँ दी गई जानकारी पाठकों के ज्ञानवर्धन के लिए है। अतः हम आप से निवेदन करते हैं की किसी भी उपाय का प्रयोग करने से पहले अपने चिकित्सक की सलाह अवश्य लें। हमारा उद्देश्य आपको जागरूक करना है। आपका डाॅक्टर ही आपकी सेहत बेहतर जानता है इसलिए उसका कोई विकल्प नहीं है।
दिल की बीमारियों से जुडे भ्रम और तथ्य
आज के समय में दिल की बीमारियां कोई बड़ी बात नहीं, यह किसी को भी हो सकती हैं।दिल की बीमारियों से बचने के लिए ज़रूरी है आपका अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक होना। कई बार लोग ह़दयाघात तक की स्थिति को समझ नहीं पाते और ऐसी समस्या जानलेवा तक साबित होती है। हृदयरोगों से जुड़े ऐसे कई भ्रम हैं, जो पूरी तरह बेबुनियाद होने के बावजूद अधिकांश लोगों के दिमाग में घर किए रहते हैं। । कुछ मिथक तो बहुत आम होते हैं लेकिन इन्हें तोड़कर मरीज को सही उपचार देकर लंबे समय तक स्वस्थ रखा जा सकता है।
भ्रम :
स्ट्रोक को हार्ट अटैक कहा जा सकता है? दिल का दौरा सीने में दर्द के साथ पड़ता है?
तथ्य:
स्ट्रोक के होने का खतरा तब होता है जब ब्लड प्रेशर के कम होने की वजह से दिमाग तक रक्त नहीं पहुंच पाता और हृदय की मांस पेशियों में ठीक प्रकार से रक्त का प्रवाह के नहीं होता, जिससे हृदय का दौरा पड जाता है। यह दोनों स्थितियां ही एक दूसरे से अलग अलग हैं।यह सच है कि हृदय का दौरा सीने में दर्द के साथ पड़ता है, लेकिन यह ज़रूरी नहीं है कि दिल के दौरे का मुख्य लक्षण सीने में दर्द हो। दिल के दौरे के समय दर्द हो भी सकता है और नहीं भी।
भ्रम :
हृदय के दौरे का अनुभव पुरुषों और महिलाओं में अलग-अलग तरीके से होता है?हृदय के दौरे के लक्षण पुरुषों और महिलाओं में एक ही तरीके से होते हैं?
तथ्य:
यह सच है कि पुरुषों की तुलना में महिलाओं में इस बीमारी का असर बाद में होता है लेकिन यह कहना पूर्णतया गलत होगा कि महिला दिल के दौरे से प्रभावित नहीं होतीं। हां यह सच है, लेकिन हृदय के दौरे के लक्षण पुरुषों और महिलाओं में अलग अलग हो सकते हैं। यह महिलाओं में भी वैसा नहीं होता जैसा कि फिल्मों में दिखाया जाता है। सामान्यत: व्यक्ति को सांस लेने में परेशानी, पेट में दबाव, गले में सख्ती जैसी स्थितियों का सामना करना पड़ता है।
भ्रम :
हृदय से जुड़ी बीमारियों से बचने के लिए विटामिन लेना ही बहुत है? स्वस्थ हृदय के लिए सिर्फ फैट युक्त आहार ना लेना ही बहुत है?
तथ्य:
हृदय के रोगियों को इस प्रकार के फल और सब्जि़ खाने की सलाह दी जाती है जिनमें कि विटामिन बी हो जैसे पालक और ब्रोकोली। रंगीन सलाद भी खाना भी एक अच्छा उपाय है लेकिन विटामिन ही लेना ऐसी बीमारियों का समाधान नहीं है। स्वस्थ हृदय के लिए ट्रांस फैट से बचना चाहिए क्योंकि कुछ फैट ऐसे भी होते हैं जो हमारे लिए अच्छे होते हैं जैसे कि मछलियों, नट और ऐवोकैडो में पाया जाने वाला फैट। ट्रांस फैटी पदार्थ जैसे कुकीज़ और चिप्स से बचना चाहिए।
भ्रम:
अगर आपको हृदय से सम्बन्धी कोई बीमारी है तो आप हृदय के मरीज़ हो सकते हैं?गुस्से से हृदय का दौरा पड़ सकता है?
तथ्य:
कम नमक खाने से आपकी सेहत को नुकसान पहुंच सकता है इसलिए हर व्यक्ति की सेहत के लिए कम नमक खाना ठीक नहीं होता। गुस्सा करने वाले लोगों को ए टाइप की पर्सनालिटी माना जाता है, जो कि हृदय को बिलकुल भी नुकसान नहीं पहुंचाता। लेकिन भावनाओं को अनदेखा करने से दिल के दौरे का बढ़ जाता है।
भ्रम:
हृदय के दौरे से बचने का कोई उपाय नहीं है?
तथ्य:
हृदय के दौरे से बचने का कोई सीधा उपाय नहीं है। हमें सिर्फ बीमारियों से बचने के लिए एक स्वस्थ्य जीवनशैली का निर्वाह करना। साल में एक बार डाक्टर के पास जाकर अपने ब्लड प्रेशर और ब्लड कालेस्ट्राल का स्तर ज़रूर चेक करायें। हृदयाघात होने के बाद भी व्यक्ति के लिए व्यायाम आवश्यक हो जाता है, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि आप बहुत अधिक व्यायाम करें। सही मात्रा में व्यायाम करने रक्त का संचार ठीक रहता है और हृदयपात जैसी स्थिति से भी बचाव हो सकता है।
What's your Wellness Score?
For Wellness Evaluation clik here
- Disclaimer +
इस जानकारी की सटीकता , समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर संभव प्रयास किया गया है । इसकी नैतिक जिम्मेदारी लेखक की नहीं है। इस लेख में उपलब्ध सभी साम्रगी केवल पाठकों की जानकारी और ज्ञानवर्धन के लिए दी गई है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकिस्तक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्येश्य आपको रोचक और ज्ञानवर्धक जानकारी मुहैया कराना मात्र है। आपका चिकिस्तक आपकी सेहत के बारे में बेहतर जानता है और उसकी सलाह का कोई विकल्प नहीं है।
नाशपाती के ये 5 फायदे जानकर ज़रूर खाएंगे आप ये फल!
नाशपाती भारत में बहुत लोकप्रिय फल तो नहीं है लेकिन इसे पसंद करने वालों की कमी भी नहीं है। ये एक मौसमी फल है जो भारत में काफी कम दिनों के लिए आता है। नाशपाती मीठा और रसीला होता है। अगर आप नाशपाती नहीं खाते तो इसके इन फायदों को पढ़ें, नाशपाती खाने का बहाना मिल जाएगा।
नाशपाती के छिलके के फायदे
आहार विशेषज्ञ प्रिया कठपाल के अनुसार, नाशपाती के सबसे ज्यादा फायदे उसके छिलके से ही मिलते हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि इसके छिलकों में इसके गूदे से 3-4 गुना अधिक फाइटोन्यूट्रेंट्स (phytonutrients) पाया जाता है। ये तत्व इम्यूनिटी को बढ़ाता है। रिसर्च में ये बात सामने आई है कि इससे कैंसर और दिल की बीमारियों का जोखिम कम होता है।
फाइबर की उच्च मात्रा
एक नाशपाती में इतना फाइबर होता है कि आपकी दिन की फाइबर की 24% सिर्फ इसे खाकर पूरी हो जाती है। नाशपाती हमारी पाचन क्रिया के लिए भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इसमें मौजूद फाइबर न सिर्फ हमारे पाचन तंत्र को स्वस्थ रखता है बल्कि एक शोध के मुताबिक, ये कोलेस्ट्रॉल लेवल भी कम करता है जिससे कि दिल की बीमारियों व टाइप 2 डायबिटीज़ का जोखिम कम होता है।
हेल्दी तरीके से मिटाता है भूख
अगर आपको भूख महसूस हो रही है तो एक रसीला सी नाशपाती खा लें। इसका फाइबर आपको काफी देर तक के लिए पेट भरा हुआ महसूस करवाएगा। फाइबर के अलावा इसमें विटामिन सी, आयरन और मैग्नीशियम भी मौजूद होता है।
कोई भी खा सकता है
बहुत से लोगों को उनकी किसी बीमारी की वजह से कुछ फल खाने की मनाही होती है। लेकिन नाशपाती एक ऐसा फल है जिसे हर कोई खा सकता है। इसे शिशु को प्यूरी बनाकर भी दिया जा सकता है। इसके अलावा, डायबिटीज़, मोटापा या अन्य जीवनशैली सी जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं से ग्रस्त लोगों के लिए नाशपाती अच्छा फल है। प्रिया के अनुसार, ‘नाशपाती नींबू या संतरे की तरह एसिडिक फल नहीं है और इसी आसानी से पचाया जा सकता है। इससे किसी प्रकार की एलर्जी भी नहीं होती। इसे खाने का सबसे अच्छा समय सुबह का होता है।’
हेल्दी शुगर की खुराक
नाशपाती में लेवलोज़ (Levulose) होता है। यह शुगर का एक प्राकृतिक रूप है जो कि बहुत स्वास्थ्यवर्धक होता है। जब कुछ मीठा खाने का मन होता है तो इसे खाया जा सकता है। टॉफी या कैंडी खाने की बजाय मीठे के लिए नाशपाती खाना बहुत अच्छा होता है। ये आपका ब्लड शुगर लेवल नहीं बढ़ाता।
कैसे चुनें नाशपाती
अगर आपको नहीं मालूम कि नाशपाती कैसे चुनना है तो इस आसान तरीके को अपनाएं। नाशपाती न बहुत सख्त होनी चाहिए और न ही बहुत मुलायम। इससे मीठी खुशबू आनी चाहिए। अगर इसमें थोड़े बहुत भूरे धब्बे हैं तो कोई बात नहीं लेकिन अगर ये बहुत ज्यादा पका हो तो न लें। नाशपाती को खरीदने के दो-तीन दिनों के अंदर खा लेना चाहिए। इसे बहुत दिनों तक न रखें।
लक्षित पोषण (Targeted nutrition)
पाचक स्वास्थ्य
हर्बालाइफ® पाचक स्वास्थ्य उत्पाद स्वस्थ पाचन में सहायक होते हैं और आपके आंतरिक सिस्टम को सुदृढ़ करते हैं।
बच्चों का स्वास्थ्य
अच्छे स्वास्थ्य के लिए बच्चों को स्वस्थ कहां-पान के मार्ग पर प्रचलित करने केलिए कोई भी समय कम नहीं है। हर्बालाइफ® चिल्ड्रेन'स हेल्थ प्रोडक्ट्स केवल बच्चों में पोषण की आवश्यकता को ही पूरा नहीं करते हैं, अपितु मजेदार स्वाद से उनमे अच्छे भोजन की आदत भी पड़ती है।
पोषण क्लब
अच्छा स्वास्थ्य और अच्छी संगत एक साथ पाओ। आमंत्रित किए गए लोगों को पोषण और उनके आहार के बारे में जानने का अवसर प्रदान करें तथा नए दोस्तों से मिलें एवं अपने व्यापार का प्रचार करें।
पोषण क्लब क्या है?
पोषण क्लब सामाजिक समारोह हैं जिनमें लोग एक दूसरे से मिलते हैं जो अच्छे पोषण एवं अधिक से अधिक लाभ प्राप्त करने हेतु नियमित अभ्यास को ध्यान में रखते हुए पोषण क्लब के सदस्य बनना चाहते हैं।
एक हर्बालाइफ स्वतंत्र वितरक के रूप में आप एक पोषण क्लब का परिचालन करने के बारे में विचार कर सकते हैं। आप अपने पोषण क्लब का संचालन किस प्रकार करना चाहते हैं वह आप पर निर्भर करता है। जैसे जैसे आप हर्बालाइफ की नियमावली एवं वितरक नीतियों का पालन करते हैं वैसे वैसे आप अपने पोषण क्लब में अपनी इच्छा एवं व्यक्तित्व को भी उसमें शामिल कर सकते हैं।
पोषण क्लब के लाभ
-
सुविधा - आप गैर-रिहायसी स्थान या रिहायसी स्थान से पोषण क्लब चला सकते हैं। (स्वीकार्य स्थानों के लिए पोषण क्लब के नियमों की जांच करें।)
-
समुदायिक अनुभव - आप अपने पोषण क्लब के सदस्यों एवं मेहमानों को सामाजिक वातावरण में हर्बालाइफ उत्पादों का परिचय स्वयं दें और उनके साथ व्यक्तिगत रिश्ते कायम करें जो प्रत्यक्ष बिक्री की वास्तविकता है।
-
प्राकृतिक व्यवस्था - पोषण क्लब एक अनौपचारिक वातावरण है जिसमें सदस्य उत्पादों, नमूना मानार्थ हर्बल अलोय, शेक एवं चाय के बारे में चर्चा करते हैं तथा व्यापार का अवसर प्राप्त करते हैं।
-
फुटकर बिक्री का अवसर - पोषण क्लब के सदस्य एवं मेहमान निजी उपयोग हेतु उत्पाद खरीद सकते हैं।
-
लचीलापन - पोषण क्लबों को अन्य व्यवासायिक विधियों के द्वारा भी अपनाया जा सकता है जिसका उपयोग आप फिलहाल कर रहे हैं।
शुरू करें
पोषण क्लब की स्थापना करना बिल्कुल आसान है। शुरू करने के लिए इन आसान चरणों का पालन करें और आपका क्लब समय से चल रहा होगा।
शुरू करने के लिए सुझाव:
-
पोषण क्लब के नियमों के बारे में पढ़ें एवं जानकारी प्राप्त करें।
-
मौजूदा पोषण क्लब में जाएं। सभी पोषण क्लब एक समान नहीं होते हैं। पहले उनका अनुभव प्राप्त करें। अपने हर्बालाइफ प्रायोजक या अपने स्थानी विक्रय रणनीति एवं सहायता टीम से आपके पास स्थान की खोज करने के लिए संपर्क करें।
-
यदि पोषण क्लब प्रशिक्षण चल रहा है, तो आप उसमें भाग ले सकते हैं। आपको शानदार जानकारी दी जाएगी और अन्य पोषण क्लब संचलाकों से भी मिलें।
-
यह निर्णय करें कि क्या यह व्यापार आपके लिए उचित है और अपनी योजना तैयार करें। अन्य क्लप संचालकों से सीखें और अपने पोषण क्लब के लिए सर्वोत्तम तरीके शामिल करें जो आपके व्यक्तित्व के अनुरूपो हों।
-
समीक्षा के लिए अपनी पोषण क्लब का नाम भेजें। गैर-रिहायसी पोषण क्लब के लिए प्राथमिक संचालक किसी पूर्व व्यय से बचने के लिए समीक्षा हेतु हर्बालाइफ को अपने क्लब का प्रस्तावित नाम भेज सकता है।पोषण क्लब सूचना फ़ॉर्म का उपयोग करें।
-
अपने पोषण क्लब के बारे में हर्बालाइफ को सूचित करें। अपने पोषण क्लब अधिसूचना को डाउनलोड एवं प्रिटं करने के लिए यहां क्लिक करें।
-
स्वस्थ्य, सक्रिय जीवन एवं हर्बालाइफ उत्पादों के संदेश को अपने पोषण क्लब के सदस्यों और मेहमानों के साथ साझा करना शुरू करें।
-
पोषण क्लब ऑडियो कॉल सुनें अथवा डाउनलोड करें।
पोषण क्लब अधिसूचना
आज ही अपने पोषण क्लब के बारे में हर्बालाइफ को सूचित करें।
हर्बालाइफ में किसे सूचना देनी चाहिए
गैर आवासीय स्थानों पर संचालित पोषण क्लब के संचालकों को उन देशों में अपने पोषण क्लबों का उद्घाटन करने से पहले अधिसूचना फॉर्म में भरकर सूचना देनी चाहिए जिन स्थानों पर अधिसूचना देना आवश्यक है।
आवासीय स्थानों से पोषण क्लब का संचालन करने वाले वितरकों को अधिसूचना फार्म जमा करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है।
अपनी अधिसूचना किस प्रकार जमा करें
पोषण क्लब सूचना फ़ॉर्म डाउनलोड करें और अपने क्लब के बाहर की तस्वीरें या चित्र के साथ भेजें।
ईमेल करें: [email protected]
मुझे हर्बालाइफ को सूचना क्यों देनी चाहिए?
पोषण क्लब अधिसूचना फार्म जमा करने से हमें आपको पोषण क्लब के प्रशिक्षण और प्रचार संबंधी नवीनतम समाचार एवं अद्यतन जानकारी देने में मदद मिलेगी। इस अधिसूचना प्रक्रिया से आपको अपने पोषण क्लब के उद्घाटन से पहले हर्बालाइफ को आपके प्रस्तावित क्लब के नाम, साइन बोर्ड, खिड़की और दरवाजे कवर करने संबंधी विचार के बारे में समीक्षा करने के बारे में मदद मिलेगी जो शायद हर्बालाइफ पोषण क्लब के नियमों के अनुरूप नहीं हो सकता है।
पोषण क्लब के नियम
ये नियम आपको एक संगठित पोषण क्लब बनाए रखने में मदद करेंगे।
पोषण क्लब के नियम सभी पोषण क्लब संचालकों पर लागू होते हैं। यह एक स्वतंत्र वितरक के रूप में महत्वपूर्ण है जिससे कि आप पोषण क्लब के नियमों से परिचित हो सकें। पोषण क्लब के नियमों के अतिरिक्त, वितरक भी हर्बालाइफ नियमावली एवं वितरक नीतियों का पालन करेंगे जिसे हर्बालाइफ द्वारा प्रकाशित किया है या भविष्य में प्रकाशन किया जाएगा।
हमारा विश्वास है कि हर्बालाइफ के उत्पाद एवं विपणन योजना उद्योग में सबसे अच्छा काम कर रहे हैं। हमारा यह भी मानना है कि हमारे वितरक एवं उनके सहायक जो उनके साथ काम कर रहे हैं उच्चतम नैतिक मानकों को बनाए रखेंगे। हम हर्बालाइफ की अखण्डता, उसकी बिक्री एवं मार्केटिंग योजना एवं वितरकों के वैश्विक वितरण नेटवर्क को बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
हर्बालाइफ के बहुत से नियम कानूनी आवश्यकताओं या उद्योग मानकों डायरेक्ट सेलिंग एसोसिएशन द्वारा निर्धारित उद्योग मानकों पर आधारित हैं जो प्रत्यक्ष बिक्री एवं बहुस्तरीय मार्केटिंग उद्योग के हितों का प्रतिनिधित्व करते हैं। हर्बालाइफ नियमों की फिर से घोषणा या इन कानूनों की संक्षिप्त व्याख्या करते हैं और इस प्रकार की अवधारणाओं को शामिल एवं सुरक्षा करने का मसौदा तैयार करते हैं, मुख्य अवधारणाओं पर नियंत्रण या ब्रांड एवं उसके वितरकों की प्रतिष्ठा की सुरक्षा संबंधी आवश्यकताओं को पूरा करते हैं।
पोषण क्लब के प्रमुख नियम
-
पोषण क्लब के संचालक के लिए पोषण क्लब के सलाहकार और सलाहकार (पोषण क्लब के नियमों में उल्लिखित) क्लब के अंदर प्रदर्शित किया जाना चाहिए। उन्हें यहां से डाउनलोड करें:
-
पोषण क्लब खुदरा दुकानें, एजेंसियां या रेस्तरां नहीं हैं। पोषण क्लब में अपनी पहचान का संकेत हो सकता है लेकिन उसे पोषण क्लब नियमों में उल्लिखित मानकों को पूरा करना चाहिए जिसके अंतर्गत इस संबंध में विनिर्देश दिए गए हैं:
-
डिजाइन और सामग्री
-
आकार
-
सेवा और उत्पाद
-
नाम और शब्दावली का प्रयोग करें।
-
-
क्योंकि पोषण खुदरा स्टोर या खाद्य प्रतिष्ठान नहीं हैं इसलिए पोषण क्लब मॉडल के साथ मूल्य निर्धारण असंगत होगा और इसकी अनुमति नहीं है। क्लब संचालक मानार्थ शेक एवं और चाय के नमूने के जायके की एक सूची लगा सकते हैं।पोस्ट कर सकते हैं .
-
परिचालन परिसर संबंधी खर्चों को शामिल करने के लिए दैनिक, साप्ताहिक या मासिक सदस्यता शुल्क लिया जा सकता है जैसे कि किराया एवं उपयोगिताएं लेकिन हर्बालाइफ® उत्पादों या सेवाओं की लागत का प्रतिनिधित्व नहीं कर सकते हैं।
अपने पोषण क्लब की स्थापना करें
अपने पोषण क्लब को सुचारू रूप से चलाने में मदद के लिए इन सुझाव सुझावों का पालन करें।
असल में, हर पोषण क्लब भिन्न होता है, इसलिए इसके लिए अपनी योजना तैयार करें। यह सुनिश्चित करें कि आप पोषण क्लब नियमावली एवं वितरक नीतियों का पालन कर रहे हैं और शुरू हो जाएं।
1. क्लब के संचालक और संचालन संबंधी अन्य जिम्मेदारियां
गैर-रिहायसी स्थानों के लिए, केवल एक ही वितरक हर्बालाइफ को एक पोषण क्लब अधिसूचना फार्म जमा कर सकता है। इस वितरक को प्राथमिक पोषण क्लब संचालक के रूप में माना जाएगा। अपर क्लब संचालक अधिसूचना फ़ॉर्म पर सूचीबद्ध हो सकते हैं। प्रत्येक गैर-रिहायशी पोषण क्लब स्थान के लिए एक अधिसूचना फ़ॉर्म ही आवश्यक है।
पोषण क्लब संचालक, पोषण क्लब के दैनिक परिचालन की निगरानी करते हैं। वे यह सुनिश्चित करते कि वे आरामदायक हैं और उनका वातावरण स्वच्छ है। परिचालक किसी विशेष पोषण क्लब संचालकों को दैनिक या साप्ताहिक कार्य सौंप सकते हैं। उदाहरण के लिए, मेहमानों और सदस्यों के स्वागत की जिम्मेदारी, सदस्यता शुल्क लेना, बैठने के लिए सदस्यों का मार्गदर्शन करना एवं सदस्य के शेक फ्लेवर का अनुरोध लेना। उत्पाद तैयारी को मिलाना एवं पेय पदार्थ परोसना भी यह सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक है कि रसोई साफ एवं स्वच्छ है एवं उत्पाद की सटीक मात्रा में दिया जा रहा है।
2. उत्पाद तैयारी
किसी पोषण क्लब में परोसे गए उत्पाद जैसे हर्बल अलोय सांद्र पेय, हर्बल सांद्र चाय एवं उनका तरीका 1 पोषाहार को हिलाकर मिलाएं। लेकिन उत्पाद का चयन अंतत: वितरकों की इच्छा पर निर्भर करता है। लेबल पर दिए निर्देशों के अनुसार शेक तैयार करें। अनुरोध लेने से पहले सदस्य से पूछें कि क्या उनके लिए लैक्टोस (डेयरी उत्पादों परोसने से बचने के लिए) असहनीय है या क्या उन्हें किसी अन्य फल से एलर्जी है।विभिन्न शेक व्यंजनों के लिए यहां क्लिक करें।.
3. आपूर्ति
सदस्यों और मेहमानों के लिए मानार्थ पेय पदार्थ तैयार करने के लिए पर्याप्त मिश्रण उपलब्ध हैं। यह भी सुनिश्चित करें कि आपके पास पर्याप्त मात्रा में हर्बालाइफ® उत्पाद एवं आपूर्तियां है जैसे कि सदस्यों एवं मेहमानों को परोसे जाने वाले ब्रांड-रहित डिस्पोजेबल कप। पर्याप्त मात्रा में हर्बालाइफ® उत्पादों के अतिरिक्त, मानार्थ पेय पदार्थ तैयार करने के लिए शुद्ध या उबले पानी का ही प्रयोग करें।
4. अपना स्थान डिजाइन करने हेतु सुझाव
एक आरामदायक और स्वागत योग्या वातावरण तैयार करें। कुछ लोग पोषण क्लब में संगीत बजा सकते हैं। अपने मेहमानों और सदस्यों के व्यावहारिक स्वास्थ्य और पोषण के बारे में जानकारी प्रदान करने के लिए हर्बालाइफ पोस्टर, उत्पादों और शैक्षिक सामग्री का उपयोग करें। यह आपके और आपके सदस्यों और मेहमानों के लिए एक मजेदार और अभिवादनजन्य वातावरण होना चाहिए। याद रखें कि पोषण क्लब का इंटीरियर बाहर से दिखाई नहीं देना चाहिए।
5. अपने मेहमानों का स्वागत करें
चेहरे पर मुस्कान के साथ पोषण क्लब के सदस्यों और मेहमानों का स्वागत करें। जबकि उनके मानार्थ हर्बालाइफ® शेक, चाय या हर्बल की प्रतीक्षा के दौरान उनके साथ हर्बालाइफ® उत्पादों के लाभों के बारे में बात करना बहुत अच्छा अवसर होगा।
6. क्लब की गतिविधियां
बशर्ते आवश्यक दावा त्याग का उपयोग करते हुए, अपने स्वयं के प्रशंसापत्र को साझा करें एवं अपने सदस्यों और मेहमानों से उनके उत्पादों के परिणामों की कहानियां साझा करने के लिए कहें। उन सदस्यों और मेहमानों की पहचान करें जिन्होंने अपने वजन को घटाया है और अपने पोषण के लक्ष्यों को पूरा किया है। सदस्यों को हर्बालाइफ उत्पादों और व्यापार के अवसर के बारे में जानकारी दें। अपने पोषण क्लब में आप जो भी गतिविधियां करें वे मजेदार, सरल, जादुई एवं अनुकरणीय होनी चाहिए!


